नशा मुक्त हनुमानगढ़ अभियान के तहत डीएवी स्कूल में जागरूकता कार्यक्रम, विद्यार्थियों ने ली नशामुक्ति की शपथ

हनुमानगढ़। युवाओं को नशे के दुष्परिणामों से अवगत करवाने और समाज में नशामुक्ति के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से राष्ट्रीय युवक परिषद की ओर से संचालित नशा मुक्त हनुमानगढ़ अभियान के तहत मंगलवार को डीएवी स्कूल में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को नशे से होने वाले शारीरिक, मानसिक और सामाजिक नुकसान की जानकारी दी गई। साथ ही सभी विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने की शपथ दिलाई गई। राष्ट्रीय युवक परिषद के जिलाध्यक्ष प्रवीण जैन ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा व्यक्ति के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाने के साथ उसके परिवार और पूरे समाज को भी प्रभावित करता है। नशे की लत युवाओं की शिक्षा, करियर और बेहतर भविष्य की राह में बड़ी बाधा बन सकती है। उन्होंने कहा कि युवा देश की सबसे बड़ी ताकत हैं और उनकी ऊर्जा का उपयोग सकारात्मक कार्यों में होना चाहिए। प्रवीण जैन ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे नशे से पूरी तरह दूर रहें तथा पढ़ाई, खेलकूद और अन्य रचनात्मक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लें। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को अपने परिवार, मित्रों और आसपास के लोगों को भी नशे के दुष्परिणामों के बारे में जागरूक करना चाहिए। युवाओं की सक्रिय भागीदारी से ही समाज को नशे की समस्या से मुक्त करने की दिशा में प्रभावी प्रयास किए जा सकते हैं।
सामूहिक प्रयासों से बनेगा नशामुक्त समाज
डीएवी स्कूल की प्रिंसिपल मीनू गुप्ता ने कहा कि नशामुक्त समाज का निर्माण केवल किसी एक व्यक्ति या संस्था के प्रयासों से संभव नहीं है, बल्कि इसके लिए पूरे समाज को मिलकर काम करना होगा। इस दिशा में विद्यार्थियों और युवाओं की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। यदि युवा स्वयं नशे से दूर रहने का संकल्प लें और दूसरों को भी जागरूक करें, तो समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने नशामुक्त जीवन अपनाने और अपने आसपास के लोगों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करने का संकल्प लिया। राष्ट्रीय युवक परिषद के पदाधिकारियों ने बताया कि नशा मुक्त हनुमानगढ़ अभियान के तहत आगामी दिनों में भी विभिन्न शिक्षण संस्थानों और सार्वजनिक स्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक कर नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए प्रेरित किया जाएगा।
