शिक्षा समिति पर वित्तीय अनियमितताओं के गंभीर आरोप

हनुमानगढ़। आर्य समाज मंदिर हनुमानगढ़ टाउन में संचालित बाल विकास माध्यमिक विद्यालय से जुड़ा विवाद लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। आर्य समाज के प्रतिनिधियों और सदस्यों ने जिला पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर शिक्षा समिति के अध्यक्ष नीरज सिंघल और उपाध्यक्ष राजेंद्र ग्रोवर सहित अन्य पदाधिकारियों पर गंभीर वित्तीय अनियमितताओं और भवन पर अवैध कब्जे के आरोप लगाए हैं।
आर्य समाज के प्रधान इन्द्रजीत चौधरी ने प्रेस वार्ता कर बताया कि बाल विकास माध्यमिक विद्यालय, जो वर्ष 1960 में गरीब और जरूरतमंद बच्चों को नि:शुल्क शिक्षा देने के उद्देश्य से स्थापित किया गया था, अब वित्तीय गड़बड़ियों और प्रशासनिक लापरवाही का शिकार हो चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा समिति के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष ने निजी स्वार्थ में विद्यालय की संपत्तियों का दुरुपयोग किया और समिति के खातों में जमा राशि में भी हेरफेर की।
इन्द्रजीत चौधरी ने बताया कि जिला कलेक्टर के आदेश पर जांच में यह तथ्य सामने आया कि बाल विकास विद्यालय ने 1 अप्रैल 2016 से अब तक भवन सुरक्षा प्रमाण पत्र प्राप्त नहीं किया है। इसके बावजूद, विद्यालय समिति ने स्कूल का संचालन जारी रखा, जो विद्यार्थियों और स्टाफ की सुरक्षा के लिए गंभीर लापरवाही है।
शिकायत में उल्लेख किया गया कि विद्यालय के नाम पर पंजाब नेशनल बैंक में खोला गया खाता 2021 में बंद कर दिया गया। खाते में जमा 39,330 रुपये को स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में स्थानांतरित किया गया। इसके बाद 14,000 रुपये का चेक और 25,000 रुपये नगद के रूप में निकाले गए। आरोप है कि उक्त राशि का उपयोग विद्यालय हित में न करते हुए निजी स्वार्थ में किया गया।
आर्य समाज के प्रतिनिधियों का आरोप है कि कोरोना महामारी के दौरान विद्यालय बंद होने के बाद उपाध्यक्ष राजेंद्र ग्रोवर ने विद्यालय भवन को अपनी दुकानों के सामान के गोदाम के रूप में उपयोग किया। पुलिस द्वारा मौके पर किए गए निरीक्षण में भी विद्यालय के कमरों में फ्रिज, कार्टन और अन्य दुकानों का सामान पाया गया।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि वर्ष 2011 में हुए चुनावों के बाद समिति के चुनाव नहीं कराए गए। आरोप है कि नीरज सिंघल और राजेंद्र ग्रोवर ने षड्यंत्र रचकर अपने रिश्तेदारों और परिचितों को समिति में शामिल कर लिया और संस्था पर कब्जा कर लिया।
जांच के दौरान कई स्वतंत्र गवाहों ने भी विद्यालय की दुर्दशा और अनियमितताओं की पुष्टि की है। सुभाष मित्रुका, हरबंस सिंह और सिमरन कुमार ने अपने बयानों में कहा कि विद्यालय कोरोना काल के बाद से बंद है और भवन का उपयोग निजी गोदाम के रूप में किया जा रहा है।
अध्यक्ष इन्द्रजीत चौधरी ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपते हुए मांग की है कि अध्यक्ष नीरज सिंघल, उपाध्यक्ष राजेंद्र ग्रोवर सहित अन्य सदस्यों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने आरोपियों पर आपराधिक षड्यंत्र रचने, वित्तीय अनियमितता करने और विद्यालय संपत्ति का दुरुपयोग करने का मुकदमा दर्ज करने की मांग की है।
इस मौके पर राजपाल जी जिलाध्यक्ष आर्य समाज, इंदरजीत चौधरी प्रधान आर्य समाज मंदिर, यजमुनि जी, रामकुमार सेवटा, पुष्पलता जी पूर्व प्रधान आर्य समाज, वंदना आर्य समाज, पार्षद प्रमोद सोनी, सतपाल मान , पार्षद अब्दुल हाफिज, पार्षद प्रतिनिधि सागर गुर्जर, मना पहलवान, पंकज बिश्नोई, महेश सोनी महासचिव सोनी समाज, अमन सिंधी, दर्शन सिंह, राजवीर चौधरी,संदीप सहारण,संजीव भादू,गुरदीप सोनी युवाध्यक्ष सोनी समाज, दीपक वधवा, परविंदर वधवा, जसवीर मान, हरपाल सिंह, मदन सुथार, रामनिवास सोनी, पप्पू चौधरी, विनोद स्वामी, शेखर सैनी, सोनू सोनी ,रजत गोयल आदि मौजूद थे।
