
हनुमानगढ़। श्री नीलकंठ महादेव सेवा प्रन्यास की ओर से भगवान भोलेनाथ की विधिवत पूजा-अर्चना के बाद श्री नीलकंठ धाम के लिए 70 श्रद्धालुओं का दूसरा जत्था श्रद्धाभाव के साथ रवाना किया गया। प्रस्थान से पूर्व मंदिर परिसर में विशेष पूजा, आरती और मंगलकामना के साथ श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दी गईं। वातावरण “हर-हर महादेव” के जयकारों से गूंज उठा।
प्रन्यास के संस्थापक एवं अध्यक्ष अश्विनी नारंग ने बताया कि यह श्रद्धामय भंडारा 13 से 15 फरवरी तक आयोजित किया जाएगा। भंडारे के दौरान भक्तों के लिए निःशुल्क प्रसाद वितरण, जल सेवा तथा अन्य सेवा कार्य किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि यह आयोजन पिछले 27 वर्षों से निरंतर आयोजित किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में सुख-समृद्धि, शांति और धार्मिक जागरूकता को बढ़ावा देना है। समिति के सदस्यों और शहरवासियों के सहयोग से यह सेवा कार्य सफलतापूर्वक संपन्न होता आ रहा है।
उप समिति अध्यक्ष राजकुमार नागपाल की अगुवाई में 70 श्रद्धालुओं का दूसरा जत्था उत्साह और भक्ति के साथ रवाना हुआ। जत्थे में शामिल श्रद्धालुओं ने भगवान शिव से क्षेत्र की खुशहाली और जनकल्याण की कामना की। प्रस्थान से पूर्व सभी श्रद्धालुओं को आवश्यक व्यवस्थाओं की जानकारी दी गई तथा सुरक्षित और अनुशासित यात्रा के लिए निर्देश भी प्रदान किए गए।
इस अवसर पर प्रन्यास के सचिव चिमन मित्तल, महावीर शर्मा, सुरेंद्र गाड़ी, साहबराम करड़वाल, विजय भूतना, अनिल शर्मा, महेश लकेसर, वीरेंद्र गोयल, सुरेश जेके, रोहिताश, श्रवण सहारण, कृष्ण गेदर, रामचंद्र बाघला, नरेश बाघला, सुनील चुघ, दीपक नारंग, ओम डोडा, बलराम जालप सहित समिति के सभी सदस्य व श्रद्धालु उपस्थित रहे।
समिति पदाधिकारियों ने बताया कि आगामी दिनों में भी श्रद्धालुओं के जत्थे क्रमशः रवाना किए जाएंगे। उन्होंने शहरवासियों से अपील की कि वे भंडारे और सेवा कार्यों में अधिकाधिक सहयोग प्रदान करें, ताकि धार्मिक परंपरा का यह सिलसिला निरंतर चलता रहे और अधिक से अधिक श्रद्धालु इससे जुड़कर आध्यात्मिक लाभ प्राप्त कर सकें।
