
हनुमानगढ़। छात्र संघ चुनावों की बहाली एवं छात्र राजनीति पर लगाए गए प्रतिबंध को हटाने की मांग को लेकर भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को जिला कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष रोहित जावा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने अर्द्धनग्न प्रदर्शन करते हुए प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि पिछले दो वर्षों से राजस्थान के विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में छात्र संघ चुनाव आयोजित नहीं कराए गए हैं, जिससे छात्र लोकतंत्र प्रभावित हो रहा है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि चुनाव नहीं होने से छात्रों की आवाज दबाई जा रही है और उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हो पा रहा है।
NSUI जिलाध्यक्ष रोहित जावा ने कहा कि छात्र संघ चुनाव केवल राजनीतिक गतिविधि नहीं, बल्कि सामान्य परिवारों से आने वाले छात्रों के लिए नेतृत्व विकसित करने का मंच होते हैं। चुनाव प्रक्रिया के माध्यम से छात्र अपनी संगठन क्षमता, संवाद कौशल और जिम्मेदारी का निर्वहन करना सीखते हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव नहीं होने से फीस वृद्धि, छात्रवृत्ति, पुस्तकालय व अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं को उठाने वाला कोई प्रतिनिधि नहीं है।
कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन में उल्लेख किया कि पिछले दो वर्षों से शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन और ज्ञापनों के माध्यम से सरकार का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया गया, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही छात्र संघ चुनावों की तिथि घोषित नहीं की गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
ज्ञापन में दो प्रमुख मांगें रखी गईं प्रदेश के समस्त शिक्षण संस्थानों में छात्र संघ चुनावों की अविलंब घोषणा की जाए तथा छात्र राजनीति पर लगाए गए अघोषित प्रतिबंध को तुरंत हटाया जाए। ज्ञापन प्राप्त करने के बाद प्रशासन ने उचित स्तर पर मांगों को पहुंचाने का आश्वासन दिया। NSUI कार्यकर्ताओं ने कहा कि जब तक छात्र संघ चुनाव बहाल नहीं किए जाते, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।इस मौके पर प्रेमराज नायक ,यादविंदर गिल ,पंकज सिरावता, वकील तंवर , मोहित परिहार असलम खान समीर व अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे।
