
हनुमानगढ़। चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर हनुमानगढ़ जंक्शन स्थित श्री काशी विश्व नाथ महादेव मंदिर में आयोजित होने वाले शत चंडी पाठ एवं यज्ञ के तहत बुधवार को भव्य कलश यात्रा निकाली गई। इस दौरान बड़ी संख्या में महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में सिर पर कलश धारण कर नगर में श्रद्धा और भक्ति का अनूठा दृश्य प्रस्तुत किया। पूरे आयोजन में धार्मिक उत्साह और आस्था का वातावरण बना रहा।
यह आयोजन श्री नीलकण्ठ महादेव सेवा प्रन्यास के तत्वावधान में किया जा रहा है। कार्यक्रम में प्रन्यास संस्थापक एवं अध्यक्ष अश्विनी नारंग, उपाध्यक्ष रामचन्द्र बाघला, सचिव चिमन मित्तल, महावीर शर्मा, रत्तीराम शाक्य, सुरेश गुप्ता, महेश लकेसर, विजय भूतना, साहबराम करड़वाल, अनिल शर्मा, महिला मंडल की अध्यक्ष वीना सैनी, सचिव सरोज कंवर, दया कुमारी, दीपिका गर्ग ने वृद्धावंन से विशेष आमंत्रण पर आये पंडितों के सानिध्य में विधिवत पूजा अर्चना करवाई। कलश यात्रा का शुभारंभ श्री काशी विश्वनाथ महादेव मंदिर से विधिवत पूजा-अर्चना के साथ किया गया। यात्रा में सैकड़ों महिलाएं, युवतियां और श्रद्धालु शामिल हुए, जो भजन-कीर्तन करते हुए नगर के विभिन्न मार्गों से होते हुए मंदिर परिसर तक पहुंचे।
कलश यात्रा के दौरान भक्तजन जय माता दी और हर-हर महादेव के जयकारों से वातावरण को भक्तिमय बनाते नजर आए। जगह-जगह श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर यात्रा का स्वागत किया। आयोजन समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि इस यात्रा के साथ ही शत चंडी पाठ एवं यज्ञ का विधिवत शुभारंभ हो गया है।
कार्यक्रम के तहत 19 मार्च से 26 मार्च 2026 तक प्रतिदिन सुबह 7 बजे देव पूजन, ब्राह्मण वरण एवं घट स्थापना के साथ धार्मिक अनुष्ठान प्रारंभ होंगे। इसके बाद सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक शत चंडी पाठ किया जाएगा। प्रतिदिन दोपहर बाद 3 बजे से 4 बजे तक श्री नीलकण्ठ महिला मंडल द्वारा भजन संध्या एवं कीर्तन का आयोजन होगा, जिसमें महिला श्रद्धालु अपनी प्रस्तुति देंगी।
शाम 4 बजे से 6 बजे तक पुनः शत चंडी पाठ किया जाएगा, जबकि प्रतिदिन रात्रि 8 बजे शत चंडी हवन का आयोजन होगा। इस हवन में श्रद्धालु आहुति देकर पुण्य लाभ प्राप्त करेंगे। नवरात्रि के अंतिम दिन 26 मार्च को पूर्णाहुति, विशेष हवन और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन किया जाएगा।
आयोजन समिति ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से इस धार्मिक आयोजन में भाग लेने की अपील की है। महिला मंडल की सदस्याओं ने कलश यात्रा और आगामी कार्यक्रमों को सफल बनाने की जिम्मेदारी संभाली।
