
हनुमानगढ़। जिले के शराब ठेकेदारों ने तीन प्रतिशत राइडर वाले एबी पैक में 40 यूपी जीएसएम मदिरा उपलब्ध करवाने की मांग को लेकर आबकारी विभाग के समक्ष आवाज उठाई है। लिकर कांट्रेक्टर्स एसोसिएशन के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रदीप तिवाड़ी के नेतृत्व में आबकारी आयुक्त उदयपुर को जिला आबकारी अधिकारी हनुमानगढ़ के माध्यम से ज्ञापन भेजा गया।
ज्ञापन में बताया गया कि वर्तमान में हनुमानगढ़ डिपो में एबी पैक के तहत केवल रॉयल आरएमएल ही उपलब्ध करवाई जा रही है, जबकि उपभोक्ता इस ब्रांड को पसंद नहीं कर रहे हैं। इसके चलते दुकानों पर माल लंबे समय तक पड़ा रह जाता है, जिससे अनुज्ञाधारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। ठेकेदारों ने कहा कि आबकारी नीति के बिंदु 3.8.6 के अनुसार एसेप्टिक ब्रिक पैक को पर्यावरण के अनुकूल मानते हुए देशी मदिरा एवं राजस्थान निर्मित मदिरा की निर्धारित मात्रा में तीन प्रतिशत आपूर्ति का प्रावधान किया गया है, जिसे मांग और आपूर्ति के आधार पर पांच प्रतिशत तक बढ़ाया जा सकता है।
एसोसिएशन पदाधिकारियों ने बताया कि वर्तमान में उपलब्ध एबी पैक को चूहों द्वारा काटे जाने की घटनाएं भी सामने आ रही हैं, जिससे बड़ी मात्रा में माल खराब हो रहा है। इसके कारण अनुज्ञाधारियों को अतिरिक्त नुकसान झेलना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि यदि 40 यूपी जीएसएम मदिरा एबी पैक में उपलब्ध करवाई जाती है तो उपभोक्ताओं की मांग पूरी होगी और बिक्री भी बेहतर होगी।
ज्ञापन में राजस्थान स्टेट गंगानगर शुगर मिल द्वारा निर्मित बीओटी पैकिंग माल की नियमित और मांग अनुसार आपूर्ति सुनिश्चित करने की भी मांग की गई। पदाधिकारियों का कहना था कि जिले में करीब 70 प्रतिशत उपभोक्ता गंगानगर शुगर मिल द्वारा निर्मित मदिरा को प्राथमिकता देते हैं, इसलिए उसी के अनुरूप सप्लाई दी जानी चाहिए।
प्रदेश उपाध्यक्ष प्रदीप तिवाड़ी ने कहा कि यदि समय रहते मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो अनुज्ञाधारियों को भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने आबकारी विभाग से मांग करते हुए कहा कि उपभोक्ताओं की पसंद और बाजार की वास्तविक स्थिति को ध्यान में रखते हुए एबी पैक में 40 यूपी जीएसएम मदिरा की उपलब्धता जल्द सुनिश्चित की जाए। इस मौके पर सुमेरदान, पवन खीचड़, पृथ्वी मूंड, अंकुर गोदारा, भुपेन्द्र सुड्ड़ा, मदन झोरड़, विनोद खीचड़, सचिन चाहर सहित अन्य सदस्य मौजूद थे।
