
हनुमानगढ़ टाउन स्थित श्री सनातन महावीर दल धर्मशाला में आयोजित श्री राम कथा का आयोजन निरंतर 28 मई 2026 से भक्ति और श्रद्धा के वातावरण में किया जा रहा है। इस पावन आयोजन में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित होकर धर्म लाभ प्राप्त कर रहे हैं। श्री सनातन महावीर दल न्यास के अध्यक्ष प्रेमरतन पारीक ने जानकारी देते हुए बताया कि यह श्री राम कथा श्रद्धा एवं भक्तिभाव से श्रीमती अंजू शर्मा (धर्मपत्नी स्वर्गीय श्री महावीर शर्मा), श्रीमती भाग्यश्री तथा अंकुर शर्मा के सहयोग से आयोजित की जा रही है। उन्होंने बताया कि कथा का आयोजन प्रतिदिन दोपहर 3:00 बजे से सायं 6:30 बजे तक किया जा रहा है। कथा स्थल पर भक्तों की उपस्थिति से वातावरण राममय बना हुआ है। आयोजन के पांचवें दिन भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली, जो यह दर्शाती है कि राम कथा के प्रति क्षेत्रवासियों में गहरी आस्था और रुचि है। इस अवसर पर सुप्रसिद्ध कथावाचक गोपाल सुदामा शर्मा ने अपने मुखारविंद से श्री राम कथा का भावपूर्ण वाचन किया। उन्होंने कलयुग में नाम-स्मरण की महिमा पर प्रकाश डालते हुए कहा कि कलयुग में प्रभु की प्राप्ति सबसे सरल मार्ग नाम-सुमरण है। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि जिस प्रकार हनुमान जी ने अपनी जीभा पर राम नाम का जाप किया तो कठिन से कठिन कार्य भी सहज हो गए और समुद्र पार करना संभव हुआ। कथावाचक ने मुनि वशिष्ठ द्वारा भगवान राम के नामकरण की कथा सुनाई और बताया कि नाम में कितनी अद्भुत शक्ति होती है। उन्होंने अजामिल पापी की कथा का भी वर्णन किया, जिसमें अजामिल ने अपने पुत्र का नाम नारायण रखा था। जीवन के अंतिम क्षणों में पुत्र को पुकारते हुए भगवान का नाम मुख से निकल गया, जिससे वह भवसागर पार कर गया। इस प्रसंग के माध्यम से उन्होंने यह संदेश दिया कि अंत समय में लिया गया भगवान का नाम भी मोक्ष का द्वार खोल सकता है। कथा के दौरान तुलसीदास रचित रामायण के विभिन्न प्रसंगों के माध्यम से श्रद्धालुओं को भक्ति, नाम-स्मरण और सदाचार का संदेश दिया गया। संपूर्ण आयोजन भक्तिमय वातावरण में शांतिपूर्वक एवं अनुशासित ढंग से संपन्न हो रहा है।
