
विधायक अभिमन्यु पूनिया बैरिकेड से गिरे, कार्यकर्ताओं में उबाल; चुनाव, किसानों और महंगाई के मुद्दों पर सरकार को घेरा
हनुमानगढ़ (भटनेर एक्सप्रेस) किसानों की समस्याओं, बढ़ती महंगाई, पंचायत एवं निकाय चुनावों में हो रही देरी तथा विभिन्न जनहित मुद्दों को लेकर सोमवार को जिला कांग्रेस कमेटी जिलाध्यक्ष मनीष मक्कासर के नेतृत्व में जिला मुख्यालय पर जोरदार रोष मार्च एवं प्रदर्शन किया गया। बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, किसान और आमजन कलेक्ट्रेट पहुंचे तथा सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान उस समय माहौल और अधिक गरमा गया जब पुलिस प्रशासन द्वारा कलेक्ट्रेट के बाहर लगाए गए बैरिकेड्स को पार करने का प्रयास कर रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की की स्थिति बन गई। इसी दौरान संगरिया विधायक अभिमन्यु पूनिया बैरिकेड पर चढ़कर प्रदर्शन कर रहे थे और अचानक संतुलन बिगड़ने से नीचे गिर गए। विधायक के गिरते ही कार्यकर्ताओं में भारी आक्रोश फैल गया और उन्होंने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी शुरू कर दी। स्थिति तनावपूर्ण होते देख कार्यकर्ताओं ने मौके पर लगाए गए बैरिकेड्स को उखाड़कर एक तरफ कर दिया और वहीं धरने पर बैठ गए। जिलाध्यक्ष मनीष मक्कासर ने आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने जा रहे लोगों को प्रशासन द्वारा रोकने का प्रयास किया जा रहा है, जिसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रदर्शन के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर विभिन्न मांगों का शीघ्र समाधान करने की मांग की। ज्ञापन में जिलाध्यक्ष मनीष मक्कासर ने बताया कि इस वर्ष जिले में गेहूं का उत्पादन रिकॉर्ड स्तर पर हुआ है, लेकिन किसानों को समर्थन मूल्य पर अपनी उपज बेचने में अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। कांग्रेस ने गेहूं खरीद की अंतिम तिथि 30 जून 2026 तक बढ़ाने, पंजीकरण अवधि में विस्तार करने तथा मंडियों में पर्याप्त बारदाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की। ज्ञापन में यह भी कहा गया कि पिछले दो वर्षों से किसानों की डिग्गियों की अनुदान राशि लंबित पड़ी है, जिससे किसान आर्थिक संकट झेल रहे हैं।

कांग्रेस ने लंबित अनुदान राशि तत्काल जारी करने की मांग उठाई। साथ ही पेट्रोल, डीजल और घरेलू गैस की लगातार बढ़ती कीमतों को लेकर भी सरकार को घेरा गया। नेताओं ने कहा कि बढ़ती महंगाई से आम आदमी का जीवन प्रभावित हो रहा है और सरकार को तत्काल राहत देने के लिए प्रभावी कदम उठाने चाहिए। विधायक विनोद गोठवाल ने प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों को समय पर किश्तें नहीं मिलने का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। ज्ञापन में कहा गया कि किश्तों में देरी के कारण अनेक गरीब परिवारों के मकान अधूरे पड़े हैं और उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसके अलावा मनरेगा के तहत ग्रामीण श्रमिकों को पर्याप्त रोजगार उपलब्ध कराने की भी मांग की गई। विधायक अभिमन्यु पुनिया ने युवाओं की आवाज को बुलंद करते हुए नीट परीक्षा पेपर लीक प्रकरण तथा सीबीएसई से जुड़े कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की गई। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इसके अलावा किसान आंदोलनों के दौरान पीलीबंगा क्षेत्र में रेलवे द्वारा किसानों पर दर्ज किए गए मुकदमों को वापस लेने, पंचायती राज एवं नगर निकाय चुनाव जल्द कराने तथा जिले में बिजली और पेयजल व्यवस्था को सुचारू बनाने की मांग भी रखी गई। विधायक प्रतिनिधि राजेन्द्र चाचाण ने आरोप लगाया कि भीषण गर्मी के बावजूद लगातार बिजली कटौती हो रही है और कई क्षेत्रों में दूषित पेयजल की आपूर्ति से लोग परेशान हैं। जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष मनीष मक्कासर ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार अपनी तानाशाहीपूर्ण नीतियों के कारण लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पंचायत और निकाय चुनाव नहीं करवाकर लोकतंत्र की हत्या की जा रही है, जिससे प्रदेशभर में लोगों में रोष व्याप्त है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जनहित की मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस सड़कों पर उतरकर और बड़ा आंदोलन करने के लिए मजबूर होगी। प्रदर्शन के दौरान जिलाध्यक्ष मनीष मक्कासर, जिला सहप्रभारी सुनील लारा, पीलीबंगा विधायक विनोद गोठवाल, संगरिया विधायक अभिमन्यु पुनिया, पीसीसी सदस्य राजेन्द्र चाचाण, पूर्व सांसद भरतराम मेघवाल, पूर्व जिला प्रमुख कविता मेघवाल, पीसीसी सचिव संजय मेघवाल, पीसीसी सदस्य सोहनलाल, प्रेमराज नायक, रामेश्वर चांवरिया, ब्लॉक अध्यक्ष संदीप सिद्धू, राजेश्वरी गोस्वामी, सुधीर गोदारा, देवीलाल मटोरिया, बलवीर सिंह सिद्धू, वेदप्रकाश सिहाग, अजय ढिल्ल, हरनेक सिंह, अग्रिम संगठन जिलाध्यक्ष मनमोहन सोनी, सुलोचना बावरी, आरिफ खान, सुरेन्द्र मारवाल, सुधीर गोदारा, वारिस अली, विजय गोंद, रोहित जावा, विनोद बुडानिया सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, किसान एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
