
अनुसूचित जाति वर्ग के प्रशासकों को हटाने पर जताई आपत्ति, बहाली और निष्पक्ष जांच की मांग
हनुमानगढ़ (भटनेर एक्सप्रेस) जिले की विभिन्न ग्राम पंचायतों में अनुसूचित जाति वर्ग के प्रशासकों को कार्यमुक्त किए जाने के विरोध में बहुजन संगठनों ने संयुक्त रूप से राजस्थान के राज्यपाल के नाम जिला कलक्टर के माध्यम से ज्ञापन सौंपकर मामले में हस्तक्षेप की मांग की। ज्ञापन डॉ. अंबेडकर मेमोरियल वेलफेयर सोसायटी, अजाक हनुमानगढ़, भीम आर्मी तथा लोक जनशक्ति पार्टी के बैनर तले सौंपा गया।
ज्ञापन में बताया गया कि राजस्थान सरकार के पंचायतीराज विभाग द्वारा हनुमानगढ़ जिले की ग्राम पंचायत पक्का भादवा के प्रशासक चेतराम मेघवाल, ग्राम पंचायत खोथांवाली की प्रशासक सुशीला देवी वाल्मीकि तथा ग्राम पंचायत अयालकी के प्रशासक गोपालराम मेघवाल को कथित अनियमितताओं के आरोप में कार्यमुक्त किया गया है। इसके अतिरिक्त ग्राम पंचायत 22-23 एनडीआर की प्रशासक सीमा देवी नायक को भी पूर्व में पद से हटाया जा चुका है।ज्ञापन के माध्यम से बहुजन संगठनों ने आरोप लगाया कि कार्यमुक्त किए गए सभी प्रशासक अनुसूचित जाति वर्ग से संबंधित हैं, जिससे समाज में रोष और असंतोष व्याप्त है। संगठनों का कहना है कि पंचायतीराज संस्थाओं और स्थानीय निकायों में अनुसूचित जाति वर्ग को संविधान के तहत आरक्षण का अधिकार प्राप्त है तथा इस वर्ग के प्रतिनिधियों के विरुद्ध लगातार हो रही कार्रवाई संविधान की मूल भावना के अनुरूप प्रतीत नहीं होती।

दलित नेता प्रेमराज नायक ने कहा कि इन घटनाओं से अनुसूचित जाति वर्ग में असुरक्षा की भावना उत्पन्न हो रही है। समाज के लोगों में यह आशंका पैदा हो रही है कि उनके संवैधानिक अधिकारों और प्रतिनिधित्व को कमजोर करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक कार्रवाई निष्पक्ष और पारदर्शी होनी चाहिए तथा किसी भी वर्ग विशेष के प्रति भेदभाव की आशंका नहीं रहनी चाहिए।ज्ञापन में राज्यपाल से मांग की गई कि पूरे मामले का संज्ञान लेकर राज्य सरकार को अनुसूचित जाति वर्ग के प्रशासकों के विरुद्ध कथित एकतरफा कार्रवाई रोकने के निर्देश दिए जाएं। साथ ही सभी मामलों की पुनः निष्पक्ष जांच करवाई जाए और यदि आरोप प्रमाणित नहीं होते हैं तो संबंधित प्रशासकों को पुनः बहाल किया जाए।बहुजन संगठनों ने कहा कि सामाजिक न्याय, समानता और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा के लिए आवश्यक है कि सभी वर्गों के साथ समान व्यवहार सुनिश्चित किया जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे तथा उन्होंने अनुसूचित जाति वर्ग के प्रतिनिधियों के अधिकारों की रक्षा की मांग को लेकर एकजुटता व्यक्त की। इस मौके पर पीसीसी सदस्य प्रेमराज नायक, डॉ. अम्बेडकर मैमारियल वैलफेयर सोसायटी के दलीप कुमार बसेर, अजाक जिलाध्यक्ष सुमेर सिंह, भीम आर्मी प्रदेश महासचिव सुनील भारतीय, प्रशासक सोनू चौपड़ा, लोकजन शक्ति जिलाध्यक्ष विकास झोरड़, भारत एकता मिशन अध्यक्ष संतोष पूनिया, लोकजन शक्ति पार्टी के जिला प्रभारी सुभाष, सुनील मेघवाल, हेमचंद मांडिया, विनोद चावरिया, सुभाष बोगिया, मोहनलाल, उग्रिम रोयल, केसराराम चावरिया, सुरेन्द्र कुमार, सहदेव नाथवाना, विनोद मलखट, ओमप्रकाश वर्मा, रवि कुमार नायक व अन्य सदस्य मौजूद थे।
