
जिला कलक्टर को सौंपा ज्ञापन, आजाद समाज पार्टी व भारत एकता भीम आर्मी ने दिया समर्थन
हनुमानगढ़ (भटनेर एक्सप्रेस) सर्वसमाज ई-रिक्शा यूनियन के बैनर तले मंगलवार को जिला कलक्ट्रेट के समक्ष ई-रिक्शा चालकों ने धरना-प्रदर्शन कर जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शन को आजाद समाज पार्टी एवं भारत एकता भीम आर्मी का भी समर्थन मिला। दोनों संगठनों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता धरना-प्रदर्शन में शामिल हुए। धरना-प्रदर्शन के दौरान हुई सभा में यूनियन के तहसील अध्यक्ष विकास झोरड़ ने कहा कि सरकार शहरों को प्रदूषण मुक्त बनाने के उद्देश्य से ई-रिक्शा संचालन को बढ़ावा दे रही है, लेकिन हनुमानगढ़ शहर में ई-रिक्शा चालकों के लिए अब तक कोई निर्धारित स्टैंड या ठहराव स्थल उपलब्ध नहीं कराया गया है। जबकि अन्य टैक्सी और सार्वजनिक परिवहन वाहनों के लिए निर्धारित स्थान उपलब्ध हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि निर्धारित स्थान नहीं होने के कारण अन्य टैक्सी चालकों की ओर से ई-रिक्शा चालकों को सवारी नहीं उठाने दी जाती तथा उनके साथ विवाद की स्थिति उत्पन्न होती है। इस संबंध में पहले भी जिला प्रशासन, नगर परिषद और यातायात पुलिस को कई बार मांगपत्र दिए जा चुके हैं, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं हुआ। यूनियन ने जिला कलक्टर से नगर परिषद को निर्देश जारी कर ई-रिक्शा चालकों के लिए शीघ्र स्थायी ठहराव स्थल निर्धारित कराने की मांग की। ज्ञापन के जरिए जंक्शन में कोर्ट गेट, बस स्टैंड मुख्य गेट, सब्जी मंडी तथा शहीद भगत सिंह चौक और टाउन में सिला पीर के पास ई-रिक्शा स्टैंड निर्धारित करने की मांग की गई। यूनियन ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ई-रिक्शा चालकों की समस्या का समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इस मौके पर रेवंतराम पंवार, संतोष पूनिया, कतर सिंह, नक्षत्र सिंह, सुभाष चंद्र आलडिय़ा, महेन्द्र सिंह, काले खां, सागर कुमार, सुनील शाक्य, मोहम्मद रफी, कुलदीप, विशाल, सुनील, निहालसिंह आदि मौजूद रहे। धरना-प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों की एडीएम से वार्ता हुई जो असफल रही। इसके बाद प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलक्टर से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा। जिला कलक्टर ने स्टैंड के लिए जगह का सर्वे करवाने का आश्वासन दिया। इस पर प्रदर्शनकारियों ने धरना समाप्त कर दिया। साथ ही चेतावनी दी कि दो सप्ताह के भीतर कोई संतोषजनक कार्रवाई नहीं हुई तो 15 जुलाई को शहीद भगतसिंह चौक पर एडीएम का पुतला दहन किया जाएगा।
