कुपोषण उन्मूलन में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की भूमिका अग्रिम पंक्ति के योद्धाओं जैसी : प्रवेश कुमार सोलंकी


हनुमानगढ़। महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से नवम पोषण माह-2026 के तहत सोमवार, 12 अक्टूबर को जिला स्तरीय सम्मान एवं समापन समारोह आयोजित किया गया। उपनिदेशक कार्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम की थीम ‘हमारी आंगनबाड़ी, हमारी जिम्मेदारी’ रही। समारोह की अध्यक्षता विभाग के उपनिदेशक प्रवेश कुमार सोलंकी ने की। इस दौरान पोषण संबंधी गतिविधियों और विभागीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में उल्लेखनीय योगदान देने वाले आंगनबाड़ी कार्मिकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रवेश कुमार सोलंकी ने कहा कि जिले में कुपोषण उन्मूलन और स्वास्थ्य संवर्धन के लिए आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं की भूमिका अग्रिम पंक्ति के योद्धाओं जैसी है। ये कार्मिक बच्चों, गर्भवती महिलाओं और धात्री माताओं तक पोषण एवं स्वास्थ्य संबंधी सेवाएं पहुंचाने में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। उन्होंने पोषण माह के दौरान आहार विविधता, पर्याप्त प्रोटीन, गर्म पका भोजन (एचसीएम), बाल्यावस्था विकास, सामुदायिक सहभागिता और प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए किए गए प्रयासों की सराहना की। सोलंकी ने कहा कि पोषण संबंधी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए विभागीय कार्मिकों का समर्पण और आमजन की भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने सभी कार्मिकों से सेवाभाव के साथ कार्य करते हुए बच्चों एवं महिलाओं के पोषण स्तर में सुधार के लिए निरंतर प्रयास करने का आह्वान किया।
48 कार्यकर्ता, 39 सहायिकाएं और 3 महिला पर्यवेक्षक सम्मानित
समारोह में जिले के विभिन्न सेक्टरों से चयनित 48 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को पोषण गतिविधियों के सफल संचालन में योगदान के लिए प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। वहीं, 39 आंगनबाड़ी सहायिकाओं को उनके समर्पित कार्य के लिए सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त फील्ड मॉनिटरिंग और उत्कृष्ट पर्यवेक्षण के लिए तीन महिला पर्यवेक्षकों को विशेष सम्मान दिया गया। इस अवसर पर पीलीबंगा की बाल विकास परियोजना अधिकारी मीनाक्षी ने भी विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों को मजबूत बनाने, बच्चों एवं धात्री माताओं के पोषण स्तर में सुधार लाने और विभागीय योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए टीम के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है।
रंगोली और व्यंजन प्रतियोगिताओं से दिया पोषण का संदेश
समापन समारोह के बाद हलौर तिर पर भी कार्यक्रम आयोजित किया गया। यहां पोषण के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से रंगोली एवं व्यंजन प्रतियोगिताएं करवाई गईं। प्रतिभागियों ने रंगोली और पौष्टिक व्यंजनों के माध्यम से संतुलित आहार, स्वस्थ खानपान और बेहतर पोषण का संदेश दिया। इसके बाद ब्लॉक स्तर पर भी कार्यक्रम आयोजित किया गया। बाल विकास परियोजना अधिकारी के नेतृत्व में हुई गतिविधियों में रंगोली के माध्यम से अच्छे पोषण के प्रति जागरूक किया गया तथा व्यंजन प्रतियोगिता आयोजित कर पौष्टिक भोजन के महत्व को रेखांकित किया गया। कार्यक्रम में अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी अनिल कुमार सिहाग, मदन लाल सुखीजा, किरण शर्मा तथा सहायक प्रशासनिक अधिकारी मीनाक्षी सहित कार्यालय का समस्त स्टाफ मौजूद रहा। इसके अलावा जिले की वरिष्ठ महिला पर्यवेक्षक, महिला पर्यवेक्षक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने भाग लिया। अंत में विभाग की ओर से सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया गया।
