महाराजा अग्रसेन भवन में उमड़ा महिलाओं का उत्साह, पारंपरिक वेशभूषा और आकर्षक उपहारों ने बढ़ाई कार्यक्रम की रौनक

हनुमानगढ़। हनुमानगढ़ जंक्शन स्थित महाराजा अग्रसेन भवन में करवा चौथ महोत्सव उत्साह और धूमधाम के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं ने शिरकत कर आयोजन की रौनक बढ़ाई। पारंपरिक परिधानों, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, मनोरंजक गतिविधियों और रैंप वॉक ने महोत्सव को खास बना दिया। महिलाओं ने उत्साहपूर्वक विभिन्न गतिविधियों में भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया और एक-दूसरे के साथ त्योहार की खुशियां साझा कीं। कार्यक्रम में विधायक प्रतिनिधि संतोष बंसल और नगर परिषद सभापति मंजू रणवा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। वहीं, श्रीगंगानगर से प्रीति तनेजा और हनुमानगढ़ से सरूची मदान ने विशेष अतिथि के रूप में शिरकत की। कार्यक्रम की अध्यक्षता आयोजन समिति अध्यक्ष इशा जुनेजा ने की। महोत्सव का शुभारंभ अतिथियों ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया। इसके बाद विभिन्न सांस्कृतिक और मनोरंजक गतिविधियों का सिलसिला शुरू हुआ। महोत्सव का प्रमुख आकर्षण महिलाओं की रैंप वॉक रही। पारंपरिक वेशभूषा में सजी महिलाओं ने पूरे आत्मविश्वास के साथ रैंप पर अपनी अदाओं और आकर्षक अंदाज का प्रदर्शन किया। रंग-बिरंगे परिधानों और पारंपरिक श्रृंगार ने कार्यक्रम में भारतीय संस्कृति की खूबसूरत छटा बिखेरी। रैंप वॉक के दौरान उपस्थित महिलाओं ने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। इस गतिविधि के माध्यम से महिलाओं को अपनी प्रतिभा और व्यक्तित्व प्रदर्शित करने का मंच मिला। आयोजन के दौरान महिलाओं के लिए विभिन्न मनोरंजक गतिविधियां भी रखी गईं। आयोजन समिति की ओर से आकर्षक उपहारों की व्यवस्था की गई, जिन्हें पाकर प्रतिभागियों के चेहरे खिल उठे। पूरे कार्यक्रम में हंसी-खुशी और उत्साह का माहौल बना रहा। महिलाओं ने सामूहिक रूप से त्योहार का आनंद लेते हुए आपसी मेलजोल और सौहार्द का संदेश दिया। आयोजन समिति अध्यक्ष इशा जुनेजा ने कहा कि करवा चौथ जैसे पारंपरिक त्योहार भारतीय संस्कृति और पारिवारिक मूल्यों का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। ऐसे आयोजनों से महिलाओं को एक मंच पर एकत्रित होकर अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने, एक-दूसरे से जुड़ने और त्योहारों को सामूहिक रूप से मनाने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम सामाजिक मेलजोल बढ़ाने के साथ पारंपरिक रीति-रिवाजों और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम का सफल संचालन इशू जुनेजा ने किया। महोत्सव में महिलाओं की उत्साहपूर्ण भागीदारी और रंगारंग गतिविधियों ने आयोजन को यादगार बना दिया।
