जन सुनवाई में आयी 47 परिवेदनाएं, संपर्क पोर्टल की ग्रीवेंस का समयबद्ध गुणवतापूर्वक निस्तारण के निर्देश

हनुमानगढ़ । मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मंशा के अनुरूप, जिला प्रशासन आम जन की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए प्रतिबद्ध है। पारदर्शिता और समय बद्धता से राहत प्रदान करने के उद्देश्य से नियमित रूप से त्रिस्तरीय जन सुनवाई आयोजित की जा रही हैं। इसी क्रम में, गुरुवार को जिला कलेक्टर काना राम की अध्यक्षता में जिला स्तरीय जन सुनवाई आयोजित की गई। जिला कलेक्टर ने परिवादियों की समस्याएं ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित विभागों को नियमानुसार शीघ्र करवायी कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिया ।
जन सुनवाई में अतिक्रमण, प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत आवास स्वीकृत करना । स्वीकृत खालों के निर्माण, रास्ते खुलवाने , गंदे पानी की निकासी जैसी , समस्याओं के साथ-साथ राजस्व , विधुत , शिक्षा और चिकित्सा विभागों से संबंधित कुल 47 परिवेदनाएं प्राप्त हुईं । इसके साथ ही हरिपुरा में आर.डी.एस.एस. अंतर्गत कार्य, सीमा ज्ञान करवाने, मनरेगा, पेंशन इत्यादि को लेकर परिवेदनाएं प्राप्त हुई । जंडावाली में पेयजल आपूर्ति को लेकर ग्रामवासियों ने परिवाद सौंपा । ग्रामीणों ने बताया कि पूर्व में पुरानी पेयजल टंकी से पेयजल सह्रश्वलाई होता था , परंतु नव निर्मित पेयजल टंकी की अत्यधिक दूरी होने से घरों में पेयजल सह्रश्वलाई नहीं हो रहा है । जिला कलेक्टर ने पी.एच.ई.डी ए.ई.एन. को दो दिन में समाधान के निर्देश दिया ।
पी.एच.ई.डी ए.इ.एन. ने बताया कि मौके पर जे.ई.एन. ने निरीक्षण किया है। शीघ्र ही पेयजल सह्रश्वलाई सुचारू रूप से शुरू कर दी जाएगी । जन सुनवाई में अतिरिक्त जिला कलक्टर उम्मेदी लाल मीना, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जनेश तंवर, उप वन संरक्षक सुरेश कुमार आबुसरिया, सी.ई.ओ. जिला परिषद ओ.पी. बिश्नोई, एस.डी.एम. मांगीलाल, नगरपरिषद आयुक्त सुरेंद्र यादव जिला कलेक्टर ने राजस्थान संपर्क पोर्टल, रात्रि चौपाल, ग्राम पंचायत, उपखंड और जिला स्तरीय जनसुनवाई प्रकरणों की समीक्षा भी की । उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत स्तरीय जन सुनवाई में ग्रीवेंस की संख्या बहुत कम है । सुचारू रूप से जनसुनवाई आयोजित की जायेगी । एस.डी.एम. को दुसरे गुरुवार को ग्राम पंचायत स्तरीय जनसुनवाई के प्रकरणों को निस्तारण करने के निर्देश दिया ।
उन्होंने कहा कि हमारा काम केवल जन सुनवाई करना नहीं, बल्कि उसका अनुसरण करते हुए, राहत देना भी है । उन्होंने कहा कि परिवादियों से चर्चा कर गुणवत्तापूर्वक निस्तारण करेंगे । मौके पर निरीक्षण रिपोर्ट के साथ फोटोग्राफ और परिवादी की संतुष्टि / असंतुष्टि का विवरण जोडऩे को कहा । जिला स्तरीय जनसुनवाई के प्रकरणों की नियमित रूप से समीक्षा करने के निर्देश दिया ।
