
हनुमानगढ़ टाउन के पास स्थित गांव नोरंगदेसर में बुधवार को किसानों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर अखिल भारतीय किसान सभा के बैनर तले जोरदार प्रदर्शन किया। किसानों ने उपतहसील कार्यालय के सामने 10 अक्टूबर 2025 से जारी धरने को और तेज करते हुए आज हाईवे जाम कर दिया। करीब 45 मिनट तक चले इस जाम ने प्रशासन को सकते में ला दिया और उपखण्ड अधिकारी मांगीलाल व डीवाईएसपी मीनाक्षी खुद मौके पर पहुंचे।
सभा को संबोधित करते हुए संगरिया विधायक अभिमन्यु पूनिया,कॉमरेड रधुवीर वर्मा,जगजीत सिंह जग्गी,मोहन लोहरा,मनीष बुरड़क समेत अन्य वक्ताओं ने कहा कि वर्ष 2024 की फसल खराबे का मुआवजा अभी तक किसानों को नहीं मिला है, जिससे वे गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं।

किसानों ने जलभराव की समस्या पर भी गहरी नाराजगी जताई।
वक्ताओं ने प्रशासन से मांग की कि वर्ष 2025 की फसल खराबे की विशेष गिरदावरी (7D) की कार्रवाई तुरंत शुरू की जाए ताकि किसानों को समय पर राहत मिल सके। किसानों ने जलभराव की समस्या पर भी गहरी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि कई खेतों में अब तक पानी जमा हुआ है, जिससे गेहूं की बिजाई प्रभावित हो रही है। किसानों ने प्रशासन से तत्काल पानी निकासी की व्यवस्था और जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने की मांग की।

किसानों के धरने से हाईवे हुआ जाम, लगी वाहनों की लाइन।
उनका आरोप था कि “प्रशासन कुंभकर्णी नींद सो रहा है और किसानों की तकलीफों पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा।” लगभग 45 मिनट तक चले जाम के दौरान सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। स्थिति बिगड़ती देख प्रशासन ने किसानों से वार्ता की।
उपखण्ड अधिकारी ने मामला जिला कलेक्टर तक पहुंचाया, जिसके बाद कलेक्टर ने किसानों को कल बातचीत के लिए बुलाने का आश्वासन दिया। आश्वासन मिलने के बाद किसानों ने जाम खोला। सभा के अंत में किसानों ने चेतावनी दी कि यदि कल की बातचीत में उनकी मांगें नहीं मानी गईं, तो वे सड़क पर ही रहेंगे अनिश्चितकालीन धरना और जाम जारी रखेंगे।
