
हनुमानगढ़ में जिला कलेक्टर डॉ. खुशाल यादव ने सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए विभिन्न विभागों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में कलेक्टर ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल विभागों की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है, जिसमें प्रशासन, पुलिस, परिवहन विभाग और आमजन की समान भागीदारी आवश्यक है।
डॉ. यादव ने ‘भले मददगार’ (Good Samaritan) योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार पर विशेष बल दिया। उन्होंने टोल नाकों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, रोडवेज बसों, स्कूल-कॉलेजों और अस्पतालों में स्थायी पोस्टर लगाने के निर्देश दिए, ताकि सड़क हादसे में घायल को अस्पताल पहुंचाने वाले मददगारों को मिलने वाले पुरस्कार व सम्मान की जानकारी मिल सके। सीएमएचओ को निर्देश दिए गए कि वे योजना के तहत प्रोत्साहन राशि और प्रमाण पत्र समय पर जारी करें, जिससे लोग बिना किसी डर या झिझक के पीड़ितों की तुरंत मदद कर सकें।
कोहरे के कारण बढ़ती दुर्घटनाओं के मद्देनजर, डीटीओ को एडवाइजरी जारी करने और एनसीसी, स्काउट, पुलिस तथा सामाजिक संगठनों की मदद से वाहनों पर रिफ्लेक्टर लगाने की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने शिक्षा विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर स्मार्ट कक्षाओं में सड़क सुरक्षा से संबंधित वीडियो दिखाने और ‘भले मददगार’ योजना की जानकारी को पाठ्येतर गतिविधियों में शामिल करने को भी कहा।
पीडब्ल्यूडी, नगरपरिषद और अन्य सड़क एजेंसियों को सड़क सीमा के भीतर लगे निजी विज्ञापन बोर्ड हटाने, ब्लैक-स्पॉट वाले स्थानों पर चेतावनी बोर्ड लगाने और निराश्रित गौवंश को गौशालाओं में भिजवाने की कार्रवाई पर जोर दिया गया। बैठक में एसई पीडब्ल्यूडी शिशपाल चौधरी, ईई अनिल कुमार, ईई विनोद कुमार, डीटीओ नरेश पूनियां, सीएमएचओ डॉ. नवनीत शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
