
– डूंगला प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई
हनुमानगढ़। राजस्थान सेवानिवृत्त पुलिस कल्याण संस्थान ने सहकारिता मंत्री गौतम दक के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर सोमवार को राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री के नाम जिला कलक्टर और पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मंत्री पर डूंगला थाना प्रकरण में पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ कथित दुव्र्यवहार करने का आरोप लगाया गया है। संस्थान के जिलाध्यक्ष आनंद स्वामी के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया है कि 25 मई को चित्तौडग़ढ़ जिले के डूंगला थाना क्षेत्र में कर्तव्य निर्वहन कर रहे थाना प्रभारी और पुलिस कर्मियों के साथ सहकारिता मंत्री की ओर से कथित रूप से गाली-गलौज, अमर्यादित व्यवहार तथा अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया गया। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि संवैधानिक पद पर आसीन मंत्री की ओर से इस प्रकार का व्यवहार न केवल सरकारी कर्मचारियों के सम्मान के विपरीत है, बल्कि इससे प्रदेश के कर्मचारियों, पेंशनर्स और आमजन में भी रोष व्याप्त हुआ है। संस्थान ने ज्ञापन के माध्यम से दो प्रमुख मांगें रखी हैं। पहली, मंत्री की ओर से पद की शपथ के कथित उल्लंघन को आधार बनाकर उन्हें तत्काल मंत्री पद से हटाया जाए। दूसरी, डूंगला थाने में दर्ज मुकदमे की निष्पक्ष जांच शीघ्र पूरी कर दोषी पाए जाने पर विधिसम्मत कार्रवाई की जाए। ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि यदि 15 दिनों के भीतर इस मामले में प्रभावी और ठोस कार्रवाई नहीं की गई तो प्रदेश के सेवानिवृत्त पुलिसकर्मियों, अन्य कर्मचारियों तथा आमजन के सहयोग से आंदोलन शुरू किया जा सकता है। राजस्थान सेवानिवृत्त पुलिस कल्याण संस्थान ने सरकार से मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की। इस मौके पर जोगेन्द्र सिंह, नानक सिंह, अतरसिंह, काशीराम मूंड, हरदीप सिंह, काशीराम कस्वां, पृथ्वीराज बिश्नोई, शीशराम सीला, सुखदेव सिंह, हीरालाल पोटलिया, सुमेर सिंह, रामलाल स्वामी, गोरेलाल, इंद्रसिंह, महेंद्रसिंह, राजेंद्र डूडी, सोहनलाल झोरड़, इंद्रचंद शर्मा, जगदीश सिंह, सुभाष बिश्नोई मौजूद रहे।
