
अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों व कर्मचारियों ने साफ सफाई, पौधों की देखरेख और जल संरक्षण व पक्षियों के संरक्षण का लिया संकल्प
हनुमानगढ़ (भटनेर एक्सप्रेस) । राज्य सरकार के वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान के अंतर्गत सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा पीडब्ल्यूडी विश्राम गृह परिसर हनुमानगढ़ में श्रमदान, हरियालो राजस्थान की तैयारियों हेतु गड्ढे तैयार करने व वृक्षारोपण का कार्यक्रम आयोजित किया गया। अभियान के तहत आगामी मॉनसून अवधि में हरियालो राजस्थान हेतु गड्ढे तैयार करके विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए तथा पक्षियों के संरक्षण के लिए परिंडे भी लगाए गए। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं कर्मचारियों ने पौधों की नियमित देखरेख करने तथा परिंडों में निरंतर पानी और दाने की व्यवस्था बनाए रखने का संकल्प लिया। इस अवसर पर सभी ने परिसर की सफाई हेतु श्रमदान करने के उपरान्त जल सरंक्षण की शपथ भी ली। कार्यक्रम में पीडब्ल्यूडी विभाग के अधीक्षण अभियन्ता शिशुपाल, अधिशासी अभियंता अनिल अग्रवाल, सेवानिवृत्त अधीक्षण अभियंता गुरनाम सिंह, रीडकोर के मदन पारीक, एक्सईएन सचिन वद्यवा, सहायक अभियंता सरवन भूकर, सुशीला सहारन, पार्षद गौरव जैन, पार्षद राजेन्द्र चौधरी सहित विभाग के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। सभी ने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर एक्सईएन अनिल अग्रवाल ने कहा कि जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण एक-दूसरे के पूरक हैं। बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाना समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि पौधारोपण तभी सफल माना जाएगा जब लगाए गए पौधों का संरक्षण भी सुनिश्चित किया जाए। वंदे गंगा जल संरक्षण अभियान समाज को प्रकृति के प्रति जिम्मेदार बनाने का महत्वपूर्ण प्रयास है। सेवानिवृत्त एक्सईएन गुरनाम सिंह ने कहा कि पेड़-पौधे मानव जीवन के आधार हैं। वृक्ष हमें स्वच्छ वायु, छाया और पर्यावरणीय संतुलन प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल का संकल्प लेना चाहिए। इससे आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सकेगा। पार्षद गौरव जैन ने कहा कि जल संरक्षण और हरित विकास को जनआंदोलन का स्वरूप देने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि समाज के प्रत्येक वर्ग की भागीदारी से ही ऐसे अभियान सफल हो सकते हैं। वहीं पार्षद राजेन्द्र चौधरी ने कहा कि पक्षियों के लिए लगाए गए परिंडे मानवीय संवेदनाओं का प्रतीक हैं। भीषण गर्मी के मौसम में पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था करना पुण्य का कार्य है और सभी लोगों को इसमें सहयोग करना चाहिए। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण, जल बचाने तथा लगाए गए पौधों एवं परिंडों की नियमित देखरेख करने का संकल्प लिया। अभियान के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण और जैव विविधता संवर्धन का प्रभावी संदेश दिया गया।
