
नगर परिषद आयुक्त से वार्ता में तीन मांगों पर बनी सहमति, धरना समाप्त
हनुमानगढ़ (भटनेर एक्सप्रेस) नगर परिषद परिसर में एनजीओ के माध्यम से कार्यरत सफाई कर्मचारियों का चल रहा धरना गुरूवार को चौथे दिन समाप्त हो गया। सुबह से ही सफाई कर्मचारियों में भारी आक्रोश देखने को मिला। मांगों पर लंबे समय तक समाधान नहीं निकलने से नाराज कर्मचारियों ने मजदूर नेता निखिल जैदिया के नेतृत्व में अनोखा विरोध प्रदर्शन करते हुए नालियों से निकाला गया गंद मुख्य द्वार पर फेंककर नगर परिषद प्रशासन के खिलाफ रोष व्यक्त किया। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा। धरनास्थल पर बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारी एकत्रित हुए और नगर परिषद प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। कर्मचारियों का कहना था कि लंबे समय से वे विभिन्न समस्याओं का सामना कर रहे हैं, लेकिन उनकी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही थी। प्रदर्शन के दौरान नगर परिषद परिसर में कुछ समय के लिए तनावपूर्ण स्थिति भी बनी रही। बढ़ते विरोध और कर्मचारियों के आक्रोश को देखते हुए नगर परिषद के पूर्व पार्षद गौरव जैन एवं सोनू मीणा ने मध्यस्थता की पहल की। उनके प्रयासों से सफाई कर्मचारियों के प्रतिनिधिमंडल और नगर परिषद आयुक्त के बीच वार्ता आयोजित की गई। वार्ता में कर्मचारियों की प्रमुख मांगों पर विस्तार से चर्चा हुई। कई दौर की बातचीत के बाद कर्मचारियों और नगर परिषद प्रशासन के बीच तीन महत्वपूर्ण मांगों पर सहमति बनी। सबसे पहले यह निर्णय लिया गया कि फर्जी हाजिरी लगाकर कार्य का लाभ लेने वाले सफाई कर्मचारियों की जांच कर उन्हें हटाने की कार्रवाई की जाएगी, जिससे वास्तविक रूप से कार्य करने वाले कर्मचारियों के हित सुरक्षित रह सकें। दूसरी महत्वपूर्ण सहमति कर्मचारियों के वेतन भुगतान को लेकर बनी। नगर परिषद आयुक्त ने आश्वासन दिया कि एनजीओ के माध्यम से कार्यरत सफाई कर्मचारियों को प्रत्येक माह की 7 तारीख तक भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा। इसके लिए नगर परिषद से एनजीओ को भुगतान मिलने की स्थिति को बाधा नहीं बनने दिया जाएगा, ताकि कर्मचारियों को समय पर मजदूरी मिल सके। तीसरी मांग के संबंध में आयुक्त ने श्रम विभाग को पत्र लिखकर सफाई कर्मचारियों की दैनिक मजदूरी नियमित रूप से 400 रुपये निर्धारित करने की अनुशंसा करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि श्रम विभाग एवं राज्य सरकार के निर्देश प्राप्त होने के बाद न्यूनतम मजदूरी बढ़ाने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा। वार्ता में सहमति बनने के बाद कर्मचारियों ने अपना धरना समाप्त करने की घोषणा की। मजदूर नेता निखिल जैदिया ने कहा कि फिलहाल प्रशासन के आश्वासनों पर विश्वास करते हुए आंदोलन स्थगित किया गया है, लेकिन यदि सहमत बिंदुओं पर अमल नहीं हुआ तो भविष्य में फिर से संघर्ष का रास्ता अपनाया जाएगा। वहीं कर्मचारियों ने मध्यस्थता कर समाधान निकालने के लिए गौरव जैन, पारितोष सारस्वत और सोनू मीणा का आभार भी व्यक्त किया।
