
भारतीय ओलंपिक संघ ने खेल मंत्री को लिखाभेजी 25 फर्जी खेल संगठनों की सूची,कार्रवाई की मांग
श्रीगंगानगर (भटनेर एक्सप्रेस) भारतीय ओलंपिक संघ(आईएओ) की अध्यक्ष डॉ. पीटी ऊषा ने केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया को एक महत्वपूर्ण पत्र भेजकर देशभर में सक्रिय कथित फर्जी खेल संघों, फेडरेशनों, अकादमियों और संगठनों के विरुद्ध तुरंत जांच तथा कानूनी कार्रवाई की मांग की है। आईओए ने इन संगठनों की 25 फर्जी इकाइयों की विस्तृत सूची भी संलग्न कर दी है।
आईओए के अनुसार ये संगठन बिना किसी आधिकारिक मान्यता के राज्य, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं का आयोजन कर रहे हैं। इनके जरिए खिलाड़ियों और अभिभावकों से धनराशि वसूली जा रही है तथा ऐसे प्रमाण-पत्र जारी किए जा रहे हैं जिनकी कोई आधिकारिक वैधता या लाभ नहीं है। ये गतिविधियां मुख्य रूप से दिल्ली-एनसीआर, नोएडा, बिहार, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और पंजाब सहित कई राज्यों में चल रही हैं। इससे युवा खिलाड़ियों का भविष्य प्रभावित हो रहा है, उनका आर्थिक शोषण हो रहा है और भारतीय खेल व्यवस्था की विश्वसनीयता पर सवाल उठ रहे हैं। आईओए द्वारा जारी सूची में नेशनल स्पोर्ट्स डेवलपमेंट फेडरेशन, स्कूल गेम्स एंड एक्टिविटी डेवलपमेंट फाउंडेशन, खेलो हिंद स्कूल गेम्स एंड एक्टिविटी डेवलपमेंट फाउंडेशन, स्कूल गेम्स एंड एक्टिविटी डेवलपमेंट फाउंडेशन तमिलनाडु, स्कूल गेम्स एंड एकक्टिविटी डेवलपमेंट एसोसिएशन, स्कूल गेम्स एंड एक्टिविटी फेडरेशन ऑफ इंडिया, यंग स्पोर्ट्स काउंसिल ऑफ इंडिया, स्टूडेंट गेम्स एक्टिविटी फाउंडेशन, नेपाल स्कूल गेम्स एंड एक्टिविटी डेवलपमेंट फाउंडेशन, ऑर्गनाइजेशन फॉर यूथ स्कूल गेम्स एंड एक्टिविटी डेवलपमेंट फाउंडेशन, स्कूल गेम्स डेवलपमेंट फाउंडेशन, स्कूल गेम्स डेवलपमेंट फाउंडेशन इंडिया, इंडियन स्कूल गेम्स एंड एक्टिविटी डेवलपमेंट एकेडमी, एमेच्योर स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया, स्कूल गेम्स एजुकेशन फेडरेशन ऑफ इंडिया, स्कूल ऑल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया, स्कूल गेम्स एंड एक्टिविटी डेवलपमेंट ऑर्गनाइजेशन, इंडियन विमेन ओलंपिक एसोसिएशन, रूरल गेम्स ऑर्गनाइजेशन ऑफ इंडिया, नेशनल स्पोर्ट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया, यूथ गेम्स एजुकेशन फेडरेशन ऑफ इंडिया, यूथ स्पोर्ट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया, इंडियन गेम्स एंड स्पोर्ट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया, खेलो इंडिया स्पोर्ट्स फेडरेशन इंडिया और यूथ स्पोर्ट्स एंड प्रमोशन एसोसिएशन जैसे नाम शामिल हैं।भारतीय ओलंपिक संघ ने खेल मंत्रालय से इन सभी संगठनों की विस्तृत जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई करने का अनुरोध किया है। इसका उद्देश्य युवा खिलाड़ियों को भ्रम और आर्थिक शोषण से बचाना तथा भारतीय खेलों की गरिमा और विश्वसनीयता को बनाए रखना है।खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और अभिभावकों को सलाह दी गई है कि किसी भी प्रतियोगिता में भाग लेने या किसी संस्था से जुड़ने से पहले उसकी आधिकारिक मान्यता और वैधता की पूरी जांच अवश्य करें।
