
श्रीगंगानगर। टांटिया यूनिवर्सिटी के श्रीगंगानगर होम्योपैथी कॉलेज एवं हॉस्पिटल के स्टाफ के डिजाइन किए गए दो पेंटेंट भारत सरकार के पेटेंट कार्यालय ने पंजीकृत किए हैं। यह जानकारी देते हुए होम्योपैथी संकाय के अधिष्ठाता डॉ. चरणजीतसिंह ने बताया कि स्टाफ के साथियों ने सामूहिक प्रयास से ‘मल्टी-स्पेक्ट्रल इमेजिंग के साथ एआई आधारित एडवांस्ड स्किन स्कैनर’ तथा ‘सोरायसिस के एआई आधारित क्रायोजेनिक ट्रीटमेंट वैंड’ डिजाइन किए हैं। इनका पेटेंट कार्यालय, भारत सरकार पंजीकरण ने किया है। इनमें सोरायसिस संबंधी पहला पेटेंट डॉ. प्रवीणकुमार, डॉ. चरणजीसिंह, डॉ. रिंकु बिश्वास, डॉ. सुनील कुमार, डॉ. विनय कुमार एवं डॉ. कुंदन प्रकाश तथा स्किन स्कैनर संबंधी दूसरा पेटेंट डॉ. रिंकू बिश्वास, डॉ. रुचि बिश्वास, डॉ. अनुप्रिया, डॉ. रेखा जुनेजा, डॉ. अनिल अग्रवाल और डॉ. प्रदीपकुमार के नाम से पंजीकृत किया गया है। गत दिवस यूनिवर्सिटी के वाइस चेयरमैन डॉ. मोहित टांटिया को इन पेटेंट के सर्टिफिकेट भेंट किए गए। इस मौके पर कार्यकारी निदेशक के.एस. सुखदेव, निदेशक (अकादमिक और अनुसंधान) डॉ. प्रवीण शर्मा, उप निदेशक (मेडिकल एजुकेशन) गुरभजन सिंह,होम्योपैथी संकाय के प्रोफेसर डॉ. आर.के. विश्वास, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी तरसेम सिंह भी उपस्थिति थे। डॉ. टांटिया ने होम्योपैथी टीम की सराहना करते हुए बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह पेटेंट भविष्य में सोरायसिस बीमारी के आधुनिक कोल्ड फ्रिजिंग तापमान तकनीक से उपचार तथा स्किन की विभिन्न बीमारियों जैसे स्किन की अंदर की परतों की स्थिति, स्किन एजिंग, अंदरूनी घाव अन्य चर्म रोगों के उपचार में अत्यंत सहायक सिद्ध हो सकते हैं।
