
हनुमानगढ़ । नशा मुक्त समाज के लिए तीन वर्षों से लगातार संघर्षरत हनुमानगढ़ की जनता को बड़ी सफलता मिली है। नागरिक सुरक्षा मंच के प्रयासों से अब सरकार ने एक निजी नशा मुक्ति केंद्र में 25 बैड की नि:शुल्क सरकारी व्यवस्था लागू की है। इसी के तहत मंच के प्रतिनिधिमंडल ने नव स्थापित सरकारी नशा मुक्ति केंद्र का निरीक्षण किया। सचिव आशीष गौतम ने कहा, “यह सफलता केवल हमारी नहीं, समाज की है। हमने यह लड़ाई बिना किसी राजनीतिक एजेंडे के लड़ी, और आज आम जनता की आवाज को सरकार ने सुना है। हम पूर्व और वर्तमान दोनों सरकारों का धन्यवाद करते हैं।” उन्होंने यह भी दोहराया कि संघर्ष तब तक जारी रहेगा जब तक समाज पूरी तरह नशा मुक्त नहीं हो जाता।
गौतम ने बताया कि यह केंद्र अब गवर्नमेंट हॉस्पिटल से रेफर किए गए मरीजों के लिए 25 नि:शुल्क बैड उपलब्ध कराएगा। निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई, पौष्टिक भोजन, प्रशिक्षित स्टाफ और सुरक्षा व्यवस्थाएं पूरी तरह संतोषजनक पाई गईं।यू-टर्न नशा मुक्ति केंद्र के संचालक और सरकारी नशा मुक्ति केंद्र के संरक्षक संदीप अनेजा ने कहा, “आशीष जी और मंच की मेहनत रंग लाई है। हम इस मिशन में पूरी जिम्मेदारी से काम करेंगे।”
योगेश कुमावत ने कहा, “अब यह केंद्र उम्मीद की किरण है जिसमें गरीब परिवारों के भटक चुके युवाओं को वापिस समाज में लौटने का मौका मिलेगा। शाहरुख खान बोले, “यह बदलाव आशीष जी के समर्पण और सेवा भावना की जीत है युवाओं को इनसे प्रेरणा लेनी चाहिए”।लखवीर सिंह ने कहा, “हमें गर्व है कि हम इस ऐतिहासिक प्रयास का हिस्सा हैं और आगे भी इस विषय पर संघर्ष जारी रखेंगे”। मंच का यह अभियान अब गाँवों, स्कूलों और युवाओं तक पहुँचाने का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ेगा, ताकि नशे को जड़ से समाप्त किया जा सके।
निरीक्षण का नेतृत्व मंच के सचिव आशीष गौतम ने किया। उनके साथ लोकेंद्र सिंह भाटी, योगेश सुथार, जितेंद्र छापोला, विनोद कुमार और राजवीर सिंह सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
