
हनुमानगढ़, 28 जुलाई। जिला कृषि आदान विक्रेता संघ हनुमानगढ़ ने संयुक्त निदेशक कृषि (विस्तार) जिला परिषद हनुमानगढ़ द्वारा जारी पत्र क्रमांक 2280-2285 दिनांक 24 जुलाई 2025 के विरुद्ध गहरी आपत्ति जताई है। संघ ने जिला कलक्टर को पत्र लिखकर इस आदेश को अव्यवहारिक, अन्यायसंगत और तर्कहीन बताते हुए तत्काल प्रभाव से वापस लेने की मांग की है।
संघ जिलाध्यक्ष बालकृष्ण गोल्याण ने कहा कि वर्तमान में उर्वरक विक्रय की प्रक्रिया पूरी तरह सरकार द्वारा प्रदत्त पॉइंट ऑफ सेल (पोस) मशीन के माध्यम से होती है, जिसमें किसान का आधार और मोबाइल नंबर दर्ज कर विक्रय किया जाता है। इसके अतिरिक्त, विक्रेताओं द्वारा स्टॉक रजिस्टर भी नियमित रूप से संधारित किया जाता है। ऐसी स्थिति में विक्रेताओं पर अतिरिक्त जानकारी संधारण का बोझ डालना न केवल अव्यवहारिक है, बल्कि विक्रेताओं के कार्य को अनावश्यक रूप से जटिल भी बनाता है।
संघ ने यह भी आरोप लगाया कि यह निर्देश सिर्फ हनुमानगढ़ जिले में ही लागू किया गया है, जिससे स्पष्ट है कि यह नीति समानता के सिद्धांत के विरुद्ध है। उन्होंने मांग की कि ऐसे एकतरफा आदेश को तत्काल निरस्त किया जाए।
संघ सचिव चरणजीत धींगड़ा एवं कोषाध्यक्ष देवेंद्र बंसल डिंपल ने एक और गंभीर मुद्दा उठाया है – उर्वरक निर्माताओं द्वारा रासायनिक उर्वरकों के साथ अन्य उत्पादों की जबरन टैगिंग। विक्रेताओं का कहना है कि सरकार द्वारा टैगिंग पर समय-समय पर रोक के निर्देश दिए गए हैं, फिर भी कंपनियां लगातार इसका उल्लंघन कर रही हैं, जिससे विक्रेताओं को आर्थिक और व्यावसायिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
संघ ने दोनों मांगों – अतिरिक्त जानकारी संधारण की बाध्यता समाप्त करने और टैगिंग पर सख्त रोक लगाने दृ पर शीघ्र कार्रवाई की मांग की है। साथ ही यह चेतावनी भी दी है कि यदि समय रहते समाधान नहीं किया गया तो हनुमानगढ़ जिले के समस्त उर्वरक विक्रेता उर्वरकों का क्रय-विक्रय पूर्णतः बंद कर देंगे।
इस मौके पर टाउन मण्डी से विजय रौंता, राजेश सिंघल, मुरलीधर गर्ग, रोहित सोनी, जंक्शन से राधेश्याम लखोटिया, सुरेन्द्र बलाड़िया, आशीष बंसल, खेमचंद गुप्ता, संगरिया से सुमित गोयल, विष्णु अग्रवाल, राकेश मित्तल, पीलीबंगा से बाबुलाल जिन्दल, जगदीश सहारण, गोलूवाला से नरेश मिमाणी, श्यामलाल जिन्दल, रावतसर से साहबराम सहारण, हंसराज गोदारा, टिब्बी से मोहित जिन्दल व सुरेन्द्र कुमार सहित जिले भर से व्यापारी मौजूद थे।
