
हनुमानगढ़। भवन निर्माण मिस्त्री मजदूर एकता यूनियन (सीटू) हनुमानगढ़ शाखा पीलीबंगा की विस्तृत बैठक मंगलवार को विश्वकर्मा पार्क चौक में आयोजित हुई। बैठक की अध्यक्षता तहसील अध्यक्ष मंगा सिंह ने की। बैठक में यूनियन के जिला अध्यक्ष कॉमरेड शेर सिंह शाक्य, जिला महासचिव कॉमरेड बहादुर सिंह चौहान तथा जिला उपाध्यक्ष कॉमरेड बसंत सिंह मौजूद रहे। बैठक में पीलीबंगा क्षेत्र सहित आसपास से सैकड़ों निर्माण श्रमिक शामिल हुए।
बैठक को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष कॉमरेड शेर सिंह शाक्य ने मजदूरों से जुड़ी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि मजदूर कार्ड बनाने का कार्य बेहद धीमी गति से चल रहा है तथा श्रमिकों को अनावश्यक आधार कार्ड व अन्य दस्तावेज मांगकर परेशान किया जा रहा है। कई मालिक आधार कार्ड के दुरुपयोग की आशंका के चलते दस्तावेज देने से कतराते हैं, जिससे मजदूरों का पंजीकरण लंबित रहता है।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने 2017 से शुभ लक्ष्मी योजना को बंद कर रखा है, जबकि लाखों फाइलें पास होने के बाद भी लाभार्थी बेटियों को राशि नहीं दी गई है। सरकार एक ओर बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का नारा देती है, वहीं दूसरी ओर बेटियों के हक की राशि दबाकर बैठी है। प्रसूता लाभ, बच्चों की छात्रवृत्ति, डेथ व एक्सीडेंट क्लेम सहित अधिकतर भुगतान लंबे समय से लंबित पड़े हैं। मजदूरों के मकान लोन के फॉर्म तक आज तक पास नहीं किए गए हैं।
कॉमरेड शाक्य ने कहा कि 60 वर्ष की आयु पार कर चुके मजदूरों को आज तक पेंशन नहीं दी गई, जबकि वही मजदूर बड़ी-बड़ी इमारतों, नहरों, तालाबों और सरकारी कार्यालयों का निर्माण करते हैं। उन्होंने कहा कि सरकारी कर्मचारियों को रिटायरमेंट के बाद पेंशन व अन्य सुविधाएं मिलती हैं, परंतु मजदूरों को 60 वर्ष के बाद उनके हाल पर छोड़ दिया जाता है, जो सामाजिक अन्याय है। उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार के राज में मजदूर वर्ग सबसे ज्यादा उपेक्षित है।
बैठक में उपस्थित श्रमिकों ने सरकार की नीतियों के प्रति नाराजगी व्यक्त करते हुए चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो बड़ा आंदोलन खड़ा किया जाएगा। यूनियन ने घोषणा की कि केंद्रीय श्रमिक संगठनों के आह्वान पर 26 नवंबर को जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय हनुमानगढ़ में विशाल प्रदर्शन किया जाएगा, जिसमें पीलीबंगा क्षेत्र से हजारों निर्माण श्रमिक भाग लेंगे और सरकार को चेताने का कार्य करेंगे।
बैठक में अध्यक्ष मंगा सिंह के साथ राजेंद्र सौनी, सचिव जगदीश, दर्शन सिंह, सुखविर सिंह, जरनेल सिंह, राम सिंह, पप्पू सोनी, राजू, सुनील, मुकेश, तरसेम, गुरतेज, दिनेश, मेजर सिंह, चुनीराम, हंसराज, दयाराम, इंद्रजीत सहित बड़ी संख्या में श्रमिक मौजूद रहे।
