
श्रीगंगानगर तीन अज्ञात चोरों ने अग्रसेन इंडस्ट्रियल एरिया की दो फैक्ट्रियों के ताले तोड़कर चोरी की कोशिश की। ताले तोड़ लिए लेकिन शटर के सेंट्रल लॉक की वजह से अंदर नहीं घुस पाए। करीब पौने घंटे तक चोरी की कोशिश की लेकिन सफल नहीं हो पाए। यह वारदात 29 नवंबर की अल सुबह साढ़े तीन बजे शुरू हुई। गली में लगे सीसीटीवी कैमरों में वारदात करने वालों की हरकतें कैद हो गई हैं। हालांकि आरोपियों ने चेहरे ढके हुए हैं और बाइक के भी नंबर प्लेटें नहीं हैं।
पीड़ित फैक्ट्री संचालक प्रमोद जिंदल ने सुबह फैक्ट्री पहुंच ताले टूटे देखे तो जवाहरनगर पुलिस को सूचित किया। रात्रिकालीन डयूटी अधिकारी एएसआई विजेंद्र मीणा मौके पर पहुंचे। जानकारी लेकर लौट गए। देर रात तक मामला दर्ज नहीं किया गया था। सामने वाली गली में गणपति हर्बल वाली फैक्ट्री से की चोरी : प्रमोद जिंदल ने बताया कि उनकी फैक्ट्री के सामने वाली गली में गणपति हर्बल की फैक्ट्री है। दो दिन पहले इस फैक्ट्री का शटर तोड़कर गल्ले से 8-10 हजार रुपए की चोरी की वारदात की गई। फैक्ट्री के सीसीटीवी फुटेज में यही तीन युवक चेहरा ढके वारदात करते दिखाई दे रहे हैं।
जवाहरनगर पुलिस भी दोनों वारदात करने वाले यही आरोपी मान रही है। ये युवक तीन ई छोटी, डाल कॉलोनी, नेहरा नगर या आसपास के ही रहने वाले और नशेड़ी होने का शक है। बाइक पर आए तीनों नकाबपोश काफी फुर्तीले दिखाई दे रहे हैं। पहले डीजे इंडस्ट्रीज के शटर के ताले तोड़ने की कोशिश की। पांच मिनट बाद इसे छोड़कर बगल की फैक्ट्री के गेट का ताला तोड़ने की कोशिश की। सीसीटीवी फुटेज के अनुसार सुबह 3:17 बजे कोशिश शुरू की जो सुबह 4:05 बजे तक चलती रही। तीनों युवकों ने अथक प्रयास किए तो एक ताला तोड़ पाए और शटर का एक तरफ का लॉक तोड़ पाए। अंतत: सफलता हाथ लगते नहीं दिखी तो भाग गए। सीसीटीवी फुटेज में दिखाई दे रहे संदिग्ध युवक।
फैक्ट्री मालिक प्रमोद जिंदल ने बताया कि अग्रसेन नगर इंडस्ट्रियल एरिया में डीजे इंडस्ट्री के नाम से उनकी फैक्ट्री है। 50 गुणा 50 फीट के प्लांट में जिले की इकलौती एक करोड़ कीमत की लोहे की लेजर कटिंग की मशीन लगी हुई है। इसका कंप्यूटर ऑपरेटिव सिस्टम ही 10 लाख रुपए का है। इसके अलावा फैक्ट्री में एक सेल्टॉस कार, एक बाइक और एक स्कूटी खड़ी थी। एसी, फ्रीज और 50 लाख रुपए कीमत की लोहे की हर साइज की चद्दरें भी पड़ी हुई थीं। अगर चोर ताला तोड़कर अंदर घुसने में सफल हो जाते तो कुछ भी नुकसान कर सकते थे। शटर के सेंट्रल लॉक की वजह से चोरी होने से बच गई।
