
कलेक्टर डॉ. मंजू एवं एसपी डॉ. अमृता दुहन के नेतृत्व में जारी नशा मुक्त श्रीगंगानगर अभियान के तहत विश्वास विद्या मंदिर में नशा मुक्ति जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें विद्यार्थियों को योग और ध्यान के जरिए नशे से दूर रहने का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के विक्रम ज्याणी ने कहा कि नशा सिर्फ आदत नहीं, बल्कि पूरे समाज का दर्द बन चुका है।
योग और ध्यान मन को स्थिर, शांत और मजबूत बनाते हैं, हर तरह के नशे से लड़ने के लिए सबसे जरूरी चीज मन की शक्ति है और मन को शक्ति सिर्फ सजगता, जागरूकता और सकारात्मक ऊर्जा से मिलती है। ज्याणी ने विद्यार्थियों को प्रेरित किया कि वे रोज़ 15 मिनट ध्यान और प्राणायाम करके अपने भीतर की ऊर्जा को बढ़ाएं, क्योंकि जो युवा अपने मन पर जीत हासिल कर लेता है, उसे नशा कभी हरा नहीं सकता।
अंत में सभी विद्यार्थियों ने संकल्प लिया कि हम नशे से दूर रहेंगे, अपने परिवार का गर्व बनेंगे और योग-ध्यान के मार्ग पर चलते हुए अपने जीवन को सार्थक बनाएंगे। इस दौरान विश्वास मेडिटेशन संस्थान की मंजू गोयल, अध्यक्ष इंजीनियर सुनील गोयल, राधेश्याम आहूजा, यूथ मोटीवेटर विकास गोदारा, पुलिस कांस्टेबल प्रवीण कुमार आदि मौजूद रहे।
