
एक वर्ष से चल रहे विवाद के बाद आर्य समाज हनुमानगढ़ को शनिवार को कानूनी राहत मिली। न्यायालय के आदेशों की पालना में प्रशासन की ओर से आर्य समाज मंदिर का ताला खुलवाकर विधिवत रूप से मंदिर को आर्य समाज के अध्यक्ष वीरेंद्र कुमार सोनी को सौंपा गया। इस मौके पर आर्य समाज से जुड़े सदस्यों एवं समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई। उल्लेखनीय है कि बीते करीब एक वर्ष कुछ लोगों ने निजी लाभ के उद्देश्य से आर्य समाज हनुमानगढ़ की गतिविधियों को बाधित करने का प्रयास किया था।
फर्जी नेतृत्व खड़ा कर आधारहीन मुकदमे दर्ज करवाए गए, जिससे हवन जैसे धार्मिक और पवित्र कार्यों में संलग्न निर्दोष सदस्यों को मानसिक व सामाजिक रूप से परेशान किया गया।न्यायालय के स्पष्ट आदेश के बाद प्रशासन ने मंदिर की चाबी सौंपकर आर्य समाज को उसका अधिकार लौटाया। अध्यक्ष वीरेंद्र कुमार सोनी ने कहा कि यह फैसला सत्य और धर्म की जीत है। इस मौके पर पूर्व पार्षद प्रमोद सोनी, पुष्पलता, वंदना आर्य, निर्मला आर्य, सोनू वर्मा, इंद्रजीत चौधरी, राजेश वर्मा, परविंद्र वधवा, महेश सोनी, जैकी सोनी, सतपाल सोनी, गुरदीप सिंह, सतपाल मान, तरुण अरोड़ा, विशाल सोनी, संदीप शर्मा आदि सदस्यों ने न्यायपालिका आभार जताया।
