
भूमि विभाजन, विनिमय एवं नाम शुद्धिकरण के प्रकरणों का मौके पर निस्तारण, राजस्व सेवाएं पहुंचीं गांव-गांव
हनुमानगढ़ (भटनेर एक्सप्रेस) राजस्व विभाग हनुमानगढ़ द्वारा आयोजित “ग्रामीण सेवा शिविर–2026” के तहत ग्राम पंचायत रामसरा नारायण एवं फतेहगढ़ में राजस्व संबंधी प्रकरणों का त्वरित, पारदर्शी एवं जनहितकारी निस्तारण कर किसानों को बड़ी राहत प्रदान की गई। शिविरों में भूमि विभाजन, भूमि विनिमय तथा राजस्व अभिलेखों में नाम शुद्धिकरण जैसे महत्वपूर्ण मामलों का मौके पर समाधान कर भार्थियों को आदेश पत्र प्रदान किए गए।ग्राम पंचायत रामसरा नारायण में उपखण्ड प्रशासन हनुमानगढ़ द्वारा राजस्थान काश्तकारीअधिनियम की धारा 48/53 के अंतर्गत चक 20 एचएमएच स्थित कृषि भूमि के एक महत्वपूर्ण विभाजन प्रकरण का सफलतापूर्वक निस्तारण किया गया। इस प्रकरण में 21 काश्तकारों द्वारा आपसी सहमति से प्रार्थना-पत्र एवं अनुबन्ध-पत्र प्रस्तुत किए गए, जिसके आधार पर लगभग 18.216 हैक्टेयर कृषि भूमि का व्यवस्थित विभाजन किया गया। विभाजन मुरब्बा एवं पत्थर संख्या 114/293, 114/294, 114/295, 115/293, 115/294, 115/295 तथा 116/294 में स्थित भूमि पर किया गया।प्रशासन ने किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक भूमि को गैर मुमकिन रास्ता के रूप में भी चिन्हित किया, जिससे भविष्य में रास्तों एवं कब्जों को लेकर विवादों की संभावना कम हो सके। इस कार्रवाई से सह-खातेदारों की भूमि का पृथक निर्धारण, कब्जे की स्पष्टता तथा आवागमन व्यवस्था सुनिश्चित हुई। साथ ही राजस्व अभिलेखों में आवश्यक प्रविष्टियां दर्ज कर किसानों को मौके पर ही राहत प्रदान की गई।वहीं ग्राम पंचायत फतेहगढ़ में आयोजित शिविर में भी कई महत्वपूर्ण राजस्व प्रकरणों का निस्तारण किया गया। चंद्रकला पत्नी कृष्ण एवं नरेंद्र कुमार पुत्र कृष्ण की संयुक्त कृषि भूमि का विभाजन राजस्थान काश्तकारी अधिनियम की धारा 53 के अंतर्गत स्वीकृत किया गया।

इसी प्रकार लाल सिंह एवं हरगोविन्द सिंह की संयुक्त खातेदारी भूमि का विभाजन कर दोनों पक्षों के पृथक अधिकार निर्धारित किए गए।शिविर में कृषि भूमि विनिमय के दो प्रकरणों का भी निस्तारण किया गया। जसपाल एवं सुरेन्द्र पुत्र रामलाल के मध्य 0.8855 हैक्टेयर भूमि का पारस्परिक विनिमय स्वीकृत किया गया, जबकि सुनीता देवी एवं सुमित्रा देवी के बीच 0.506 हैक्टेयर भूमि का विनिमय राजस्थान काश्तकारी अधिनियम की धारा 48 के अंतर्गत संपन्न कराया गया। इसके अतिरिक्त संतोष पत्नी सज्जन कुमार के नाम दर्ज हिस्से में त्रुटि सुधार करते हुए 1/50 के स्थान पर 1/5 हिस्सेदारी दर्ज करने के आदेश जारी किए गए।शिविरों में उपखण्ड अधिकारी मांगीलाल, तहसीलदार हरीश सारण, भू-अभिलेख निरीक्षक रामकुमार स्वामी, लोकेंद्र एवं बलदेव, पटवारी श्रवण कुमार, भारती मीणा एवं शैलेन्द्र सहित अन्य राजस्व अधिकारी उपस्थित रहे। रामसरा नारायण शिविर में भाजपा जिलाध्यक्ष प्रमोद डेलू, भाजपा नेता अमित रामप्रताप साहू एवं सरपंच रमनदीप कौर ने भी भाग लिया।ग्रामीण सेवा शिविर–2026 के माध्यम से प्रशासन ने यह संदेश दिया कि राजस्व सेवाओं को गांव स्तर तक पहुंचाकर किसानों की समस्याओं का त्वरित समाधान ही सुशासन, पारदर्शिता और जनकल्याण का वास्तविक आधार है। इन शिविरों से ग्रामीणों को न केवल तत्काल राहत मिली, बल्कि भविष्य में भूमि विवादों की संभावनाओं में भी कमी आएगी।
