
गहरा आक्रोश, सुरक्षा पर उठे सवाल
श्री गंगानगर (भटनेर एक्सप्रेस) चूरू जिले के तारानगर थाना क्षेत्र के वार्ड 11 में सब्जी मंडी के पास स्थित 1200 साल पुराना जैन श्वेतांबर मंदिर रविवार रात एक बड़ी वारदात का शिकार बन गया। चोरों ने मंदिर के गर्भगृह से 13 बेशकीमती अष्टधातु की प्राचीन मूर्तियां चुरा लीं। मंदिर में कुल 17 अष्टधातु मूर्तियां थीं जिनमें से 13 गायब हो गईं। आज सुबह जब पुजारी चैनरूप सेवग नियमित पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचे तो उनके सामने चौंकाने वाला दृश्य था। मंदिर के तीन अलग-अलग स्थानों पर लगे ताले तोड़े गए थे और बहुमूल्य मूर्तियां गायब थीं। पुजारी ने तुरंत पड़ोसियों को सूचना दी जिसके बाद पूरे इलाके में आक्रोश फैल गया।

पुलिस ने सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का मुआयना किया। जांच के दौरान चोरों द्वारा छोड़े गए कुछ महत्वपूर्ण सुराग भी बरामद हुए। घटनास्थल के पास से एक कटर टूल और रेवाड़ी का एक ट्रेन टिकट मिला है। तारानगर थाना पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। पुलिस प्रशासन पूरे जिले में अलर्ट पर है ताकि चोरी हुई मूर्तियां बाहर न ले जाई जा सकें। यह जैन मंदिर न केवल श्रद्धालुओं का प्रमुख केंद्र है बल्कि राजस्थान की प्राचीन जैन परंपरा का जीवंत प्रमाण भी माना जाता है। अष्टधातु की ये मूर्तियां सैकड़ों वर्ष पुरानी हैं जिनका धार्मिक, ऐतिहासिक और कलात्मक मूल्य अनमोल है। चोरी की घटना ने जैन समुदाय को गहरा आघात पहुंचाया है।लोग मंदिर प्रबंधन व प्रशासन से पुराने मंदिरों में बेहतर सुरक्षा व्यवस्था की मांग कर रहे हैं।जैन समाज के प्रमुखों ने पुलिस अधिकारियों से मुलाकात कर जल्द से जल्द मूर्तियां बरामद करने और दोषियों को पकड़ने की अपील की है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी बहुमूल्य मूर्तियां अक्सर अंतरराष्ट्रीय कला तस्करों के निशाने पर रहती हैं।
