
निचले कर्मचारियों को बचाकर उच्चाधिकारियों को बख्शने का खेल बंद हो-बिश्नोई
श्रीगंगानगर (भटनेर एक्सप्रेस) नगर विकास न्यास के डबल पट्टा प्रकरण को लेकर भाजपा के पूर्व बूथ अध्यक्ष रामफल बिश्नोई ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सहित उच्च अधिकारियों को विस्तृत ज्ञापन भेजकर इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने और उच्च अधिकारियों को बचाने के हो रहे खेल से विस्तार पूर्वक अवगत करवाया है। उन्होंने 19 जून को मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा जारी निलंबन आदेश को तुरंत वापस लेने और वास्तविक दोषी अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।रामफल बिश्नोई ने ज्ञापन में स्पष्ट किया कि निलंबित कर्मचारी वास्तव में निर्दोष हैं और उनकी भूमिका केवल विभागीय रूटीन प्रक्रिया तक सीमित थी। उन्होंने बताया कि पटवारी रतनलाल का पदभार 7 फरवरी 2024 को ग्रहण हुआ था जबकि डबल पट्टा संबंधी पूरी फाइल की कार्यवाही 13 मार्च 2023 को पूरी हो चुकी थी। फाइल पर उनके कहीं भी हस्ताक्षर नहीं हैं, फिर भी उन्हें निलंबित कर दिया गया जो पूरी तरह गलत है।इसी प्रकार यूडीसी सुनील कुमार ने लेआउट प्लान पास करने दस्तावेजों की जांच सहायक नगर नियोजन (एटीपी) शाखा सर्वे रिपोर्ट एलएओ शाखा रिपोर्ट और सभी संबंधित स्वीकृतियों के बाद अखबार में आपत्ति सूचना प्रकाशित कर पट्टा राशि बनाकर फाइल अकाउंट शाखा को जांच के लिए भेज दी थी। यह पूरी तरह विभागीय सामान्य प्रक्रिया थी लेकिन फिर भी उन्हें निलंबित कर दिया गया।उन्होंने अवगत करवाया है कि एलडीसी जितेंद्रसिंह ने भी अधिकारियों के आदेश पर पट्टा राशि नियमानुसार जमा कराई थी। सर्वे रिपोर्ट या एटीपी शाखा की जांच उनकी जिम्मेदारी नहीं थी, फिर भी उन्हें निलंबित किया गया।रामफल बिश्नोई ने ज्ञापन में वास्तविक दोषियों की ओर इशारा करते हुए कहा कि जनसुविधा ओपन एरिया की भूमि का लेआउट प्लान 6 फरवरी 2023 को ज्ञानचंद पूर्व एटीपी दीपक जांगिड़ और अन्य अधिकारियों द्वारा जारी किया गया था। सर्वेयर वेणुगोपाल यादव और अमरचंद ने पहले जगदीशराय के पट्टे के समय दुकानें दिखाई थीं लेकिन कुछ महीनों बाद महेंद्रकुमार के पट्टे में इन्हीं सर्वेयरों ने खाली प्लॉट दिखाकर उच्चाधिकारियों और प्रभारी अधिकारी सहायक अभियंता संदीप कुमार को गुमराह किया।श्री बिश्नोई के अनुसार सहायक नगर नियोजक अमितकुमार जाखड़ ने फाइल को लगभग दो साल तक अपने कार्यालय में दबाकर रखा और 2025 में पद का दुरुपयोग करते हुए बिना दोबारा मौका रिपोर्ट और जांच के गलत पट्टा बनाने की अनुशंसा रिपोर्ट दी। मौका पटवारी एलएओ शाखा प्रभारी अधिकारी सहायक अभियंता संदीपकुमार और अन्य अधिकारियों द्वारा भी गुमराह करने का आरोप लगाया गया है।उन्होंने मांग की है कि महेंद्रकुमार द्वारा कुटरचित दस्तावेज पेश कर यूआईटी के कर्मचारियों के साथ साठ-गांठ करके फर्जी डबल पट्टा जारी करवाने का पूरा मामला बारीकी से जांचा जाए और उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए।रामफल बिश्नोई ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, स्वायत शासनमंत्री झाबरसिंह खर्रा, प्रमुख शासन सचिव उप शासन सचिव संभागीय आयुक्त बीकानेर और जिला कलेक्टर श्रीगंगानगर से अपील की है कि सभी निलंबन आदेश तुरंत प्रत्याहृत किए जाएं।डबल पट्टा प्रकरण की निष्पक्ष एवं विस्तृत जांच कराई जाए तथा वास्तविक दोषियों के खिलाफ सेवा से बर्खास्तगी सहित कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।उन्होंने शासन और प्रशासन से अपेक्षा है कि पूरे मामले की तुरंत संज्ञान लेकर उच्च स्तरीय जांच समिति गठित की जाए ताकि निर्दोष कर्मचारियों को अनावश्यक परेशानी से बचाया जा सके और असली दोषियों को सजा मिल सके।
